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INSPIRATIONAL POEMS IN HINDI - रक्त हैं यह वीरों का | Rakt Hai Ye Veeron Ka

INSPIRATIONAL POEMS IN HINDI - रक्त हैं यह वीरों का

INSPIRATIONAL POEMS IN HINDI

MOTIVATIONAL POEMS IN HINDI

रक्त हैं यह वीरों का

Deshbhakti Hindi Kavita

रक्त है यह वीरों का,
शहीदों की निशानी है|
वीरगति को प्राप्त हुए,
उन वीरों की कहानी है||


रक्त है यह वीरों का,
पीड़ा प्राणान्तक हुई होगी|
जब गोली पार गई होगी,
तब सीना ढाल रहा होगा||


किसी की शादी अभी हुई थी,
किसी की माँ एकाकी थी|
दर्द से  पिता  कराह  रहा था,
वह निकल पड़ा सवेरे||


   उसे चिंता नहीं  है अपनी दुल्हन की,
कुमकुम के बजाय राख होगी,
उसे चिंता नहीं है माता की,
भारत माँ उसके पास होगी||


पिता ने दिया था कार्य विराट,
  मुखाग्नि देने का,पर,
उसकी आंखें नम होगी,
जब वह शहीद को जलाएगा||


  मैं माँ को छोड़ के आया हूँ,
पैसे कमाने की सोच नहीं |
भारत माँ की सेवा की,
सोच की सर्वोच्च रही||


अपने रक्त से अपनी माँ की,
कीर्ति मैं बढ़ाऊंगा ,
सहस्त्र दुश्मन सामने आ जाए,
अरिजीत बन ,मैं उन्हें हराऊंगा||


वीरगति में कई शहीद,
कर रहें मेरा इंतजार हैं|
एक तरफ हामिद भाई जान है,
दूसरी तरफ खेत्रपाल है||


यह रक्त मैं अर्पित करता हूं,
यह मेरी माँ को सीचेंगी,
यह मेरी दुल्हन की कुमकुम होगी,
यह मेरे पिता का अभिमान होगा,
यह मेरी वीरता का प्रमाण होगा||

-हर्ष  नाथ झा

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