सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

New !!

मिथिला पंचांग 2026-2027 (PDF): इतिहास, महत्व और व्रत-त्यौहार की पूरी सूची!

Mera Dekhna Na Kar De Use Sharmsaar Kehna - मिरा देखना न कर दे उसे शर्मसार कहना - Himanshi Babra | हिमांशी बाबरा

Mera Dekhna Na Kar De Use Sharmsaar Kehna - मिरा देखना न कर दे उसे शर्मसार कहना

हिमांशी बाबरा की ग़ज़ल | Himanshi Babra

नहीं मेरी वापसी का कोई ए'तिबार कहना

वो करे न ज़िंदगी भर मिरा इंतिज़ार कहना

मिरा देखना न कर दे उसे शर्मसार कहना - Himanshi Babra  हिमांशी बाबरा


वो मोहब्बतों के मौसम तुझे याद भी हैं हमदम

मिरा एक बार सुनना तेरा बार बार कहना


वो शरीफ़ आदमी है मिरा तज़्किरा करे ना

उसे जानती है दुनिया रहे होशियार कहना


जो हँसा है इत्तीफ़ाक़न तुम्हें देख कर मिरा मन

न इसे सितम समझना न इसे क़रार कहना


वो हर एक बीता लम्हा मुझे याद आ रहा है

तिरा मुझ से बात करना मिरा तुझ को यार कहना


ज़रा एहतियात रक्खे मिरे सामने न आए

मिरा देखना न कर दे उसे शर्मसार कहना

-

HIMANSHI BABRA | हिमांशी बाबरा



📢 Sirf Padhein Nahi, Likhein Bhi!
Article, Kahani, Vichar, ya Kavita — Hindi, English ya Maithili mein. Apne shabdon ko Sahityashala par pehchan dein.

Submit Your Content →

Famous Poems